शुभ पंचांग लोगो
ToranToran

१० सितंबर २०२६ का पंचांग

रवि
सोम
मंगल
बुध
गुरु
शुक्र
शनि
icon
कृष्ण ४
१
icon
कृष्ण ६
२
icon
कृष्ण ७
३
icon
कृष्ण ८
४
icon
कृष्ण ९
५
icon
कृष्ण १०
६
icon
कृष्ण ११
७
icon
कृष्ण १२
८
icon
कृष्ण १३
९
icon
कृष्ण १४
१०
icon
कृष्ण १५
११
icon
शुक्ल १
१२
icon
शुक्ल २
१३
icon
शुक्ल ३
१४
icon
शुक्ल ४
१५
icon
शुक्ल ५
१६
icon
शुक्ल ६
१७
icon
शुक्ल ७
१८
icon
शुक्ल ८
१९
icon
शुक्ल ९
२०
icon
शुक्ल १०
२१
icon
शुक्ल ११
२२
icon
शुक्ल १२
२३
icon
शुक्ल १३
२४
icon
शुक्ल १४
२५
icon
शुक्ल १५
२६
icon
कृष्ण १
२७
icon
कृष्ण २
२८
icon
कृष्ण ३
२९
icon
कृष्ण ४
३०

१०

सितंबर, २०२६

गुरुवार

अमांत: श्रावण कृष्ण चतुर्दशीपूर्णिमांत: भाद्रपद कृष्ण चतुर्दशी

विक्रम संवत २०८३

चंद्रमा

सूर्योदय और सूर्यास्त

सूर्योदय:०६:२५ AM
सूर्यास्त:०६:४८ PM

त्योहार और छुट्टियां

राशि

तिथि

कृष्ण चतुर्दशी
१०:३३ पूर्वाह्न
कृष्ण अमावस

नक्षत्र

मघा
०२:०४ अपराह्न
पूर्व फाल्गुनी

योग

सिद्ध
०७:१६ अपराह्न
साध्य

दैनिक पंचांग विवरण

ब्रह्म मुहूर्त:०४:४९ AM - ०५:३७ AM
राहु काल:०२:१० PM - ०३:४३ PM
यमगण्ड काल:०६:२५ AM - ०७:५८ AM
प्रातः सन्ध्या:०५:२१ AM - ०६:२५ AM
मध्याह्न सन्ध्या:१२:०१ PM - ०१:१३ PM
सायं सन्ध्या:०६:४८ PM - ०७:५२ PM
करण:बव (१०:३३ पूर्वाह्न बजे तक)
दूसरा करण:बालव (१०:३३ पूर्वाह्न बजे के बाद)
अभिजीत मुहूर्त:१२:१२ PM - ०१:०२ PM
पक्ष: कृष्ण पक्ष (अंधेरा)
अमान्त माह: श्रावण
पूर्णिमांत माह: भाद्रपद
शक संवत: १९४८
विक्रम संवत: २०८३
गुजराती संवत: २०८२

इस महीने आने वाले त्यौहार और छुट्टियाँ

नाग पंचम:१ सितंबर (मंगलवार)
रांधन छठ:२ सितंबर (बुधवार)
शीतला सप्तमी:३ सितंबर (गुरुवार)
श्री कृष्ण जन्माष्टमी:४ सितंबर (शुक्रवार)
नंद महोत्सव:५ सितंबर (शनिवार)
राष्ट्रीय शिक्षक दिवस:५ सितंबर (शनिवार)
अजा एकादशी:७ सितंबर (सोमवार)
पिठोरी अमावस्या:१० सितंबर (गुरुवार)
सामा-श्रावणी:१२ सितंबर (शनिवार)
आज दूसरा शनिवार होने के कारण बैंक बंद रहेगा।:१२ सितंबर (शनिवार)
केवड़ा तीज:१४ सितंबर (सोमवार)
गणेश चतुर्थी:१४ सितंबर (सोमवार)
संवत्सरी:१५ सितंबर (मंगलवार)
ऋषि पाँचम:१५ सितंबर (मंगलवार)
सामा पाँचम:१५ सितंबर (मंगलवार)
विश्वकर्मा जयंती:१७ सितंबर (गुरुवार)
तेजा दशमी:२१ सितंबर (सोमवार)
जल झिलनी एकादशी:२२ सितंबर (मंगलवार)
वामन जयंती:२३ सितंबर (बुधवार)
गणेश विसर्जन:२५ सितंबर (शुक्रवार)
प्रोष्ठपदी पूर्णिमा:२६ सितंबर (शनिवार)
आज चौथा शनिवार होने के कारण बैंक बंद रहेगा।:२६ सितंबर (शनिवार)
प्रतिपदा श्राद्ध:२७ सितंबर (रविवार)
द्वितीया श्राद्ध:२८ सितंबर (सोमवार)
तृतीया श्राद्ध:२९ सितंबर (मंगलवार)
चतुर्थी श्राद्ध:३० सितंबर (बुधवार)
पंचमी श्राद्ध:३० सितंबर (बुधवार)

१० सितंबर २०२६ का पंचांग

१० सितंबर २०२६ को गुरुवार है। यह दिन श्रावण मास, कृष्ण पक्ष में आता है। १० सितंबर २०२६ की तिथि कृष्ण पक्ष चतुर्दशी है, जो १०:३३ पूर्वाह्न तक रहेगी; इसके बाद कृष्ण पक्ष अमावस प्रारंभ होगी। इस दिन का नक्षत्र मघा है, जो ०२:०४ अपराह्न के बाद पूर्व फाल्गुनी में बदलेगा। राहु काल ०२:१० PM से ०३:४३ PM तक रहेगा।

वारगुरुवार
माहसितंबर २०२६
तिथिचतुर्दशी (१०:३३ पूर्वाह्न तक; फिर अमावस)
नक्षत्रमघा (०२:०४ अपराह्न तक; फिर पूर्व फाल्गुनी)
योगसिद्ध (०७:१६ अपराह्न तक; फिर साध्य)
करणबव (१०:३३ पूर्वाह्न तक; फिर बालव)
पक्षकृष्ण
मासश्रावण
राहु काल०२:१० PM – ०३:४३ PM
गुलिक काल०९:३१ AM – ११:०४ AM
यमगण्ड काल०६:२५ AM – ०७:५८ AM
अभिजीत मुहूर्त१२:१२ PM – ०१:०२ PM
ब्रह्म मुहूर्त०४:४९ AM – ०५:३७ AM
सूर्योदय०६:२५ AM
सूर्यास्त०६:४८ PM
चंद्र राशिसिंह
शुभ रंगपीला
विक्रम संवत२०८३
शक संवत१९४८

१० सितंबर २०२६ को क्या है?

१० सितंबर २०२६ को गुरुवार है। इस दिन का नक्षत्र मघा, योग सिद्ध, चंद्र राशि सिंह है। इस दिन पिठोरी अमावस्या का पर्व है।

१० सितंबर २०२६ को कौन-सी तिथि है?

१० सितंबर २०२६ को कृष्ण पक्ष चतुर्दशी तिथि है। यह तिथि १०:३३ पूर्वाह्न तक रहेगी। इसके बाद कृष्ण पक्ष अमावस तिथि प्रारंभ होगी। सभी मासिक शिवरात्रि की तिथियां देखें। आज की सटीक तिथि और उसका समय जानने के लिए आज की तिथि पेज देखें।

१० सितंबर २०२६ का नक्षत्र क्या है?

१० सितंबर २०२६ का नक्षत्र मघा है। ०२:०४ अपराह्न के बाद पूर्व फाल्गुनी नक्षत्र प्रारंभ होगा। नक्षत्र चंद्रमा की आकाशीय स्थिति को दर्शाता है और पूजा, विवाह एवं यात्रा के मुहूर्त में महत्वपूर्ण भूमिका निभाता है।

१० सितंबर २०२६ का राहु काल क्या है?

१० सितंबर २०२६ का राहु काल ०२:१० PM से ०३:४३ PM तक है। राहु काल में शुभ कार्य, यात्रा और नए उपक्रम आरंभ करने से बचना चाहिए। शुभ चौघड़िया देखने के लिए चौघड़िया पृष्ठ देखें।

१० सितंबर २०२६ का शुभ मुहूर्त क्या है?

१० सितंबर २०२६ का अभिजीत मुहूर्त १२:१२ PM से ०१:०२ PM तक है — यह दिन का सर्वश्रेष्ठ शुभ काल माना जाता है। ब्रह्म मुहूर्त ०४:४९ AM से ०५:३७ AM तक है, जो ध्यान, पूजा और सकारात्मक कार्यों के लिए उत्तम है। विस्तृत मुहूर्त सूची के लिए शुभ मुहूर्त पृष्ठ देखें।

१० सितंबर २०२६ के शुभ और अशुभ समय

शुभ समय: अभिजीत मुहूर्त (१२:१२ PM – ०१:०२ PM), ब्रह्म मुहूर्त (०४:४९ AM – ०५:३७ AM), शुभ रंग पीला।
अशुभ समय: राहु काल (०२:१० PM – ०३:४३ PM), गुलिक काल (०९:३१ AM – ११:०४ AM), यमगण्ड काल (०६:२५ AM – ०७:५८ AM)।

क्या १० सितंबर २०२६ का पंचांग शहर के अनुसार बदलता है?

हाँ, १० सितंबर २०२६ का पंचांग शहर के अनुसार बदल सकता है। पंचांग की गणना सूर्योदय, सूर्यास्त और ग्रहों की स्थिति पर आधारित होती है, जो हर स्थान पर अलग होती है। शुभ पंचांग चयनित शहर के अनुसार सटीक पंचांग प्रदान करता है।

१० सितंबर २०२६ का पंचांग कैसे गणना किया जाता है?

पंचांग की गणना दृक गणित पद्धति पर आधारित है, जो सूर्योदय, सूर्यास्त और ग्रहों की वास्तविक खगोलीय स्थितियों का उपयोग करती है। तिथि चंद्रमा और सूर्य के कोणीय अंतर से, नक्षत्र चंद्र की राशि स्थिति से, और योग दोनों ग्रहों की संयुक्त गति से निर्धारित होता है।

पंचांग क्या है और इसका महत्व क्या है?

पंचांग वैदिक समय गणना प्रणाली है, जो तिथि, नक्षत्र, योग, करण और वार के आधार पर दिन की शुभता और अशुभता को दर्शाती है। इसका उपयोग पूजा, व्रत, मुहूर्त, यात्रा और अन्य धार्मिक कार्यों के लिए किया जाता है।

पंचांग क्या है, इसे कैसे पढ़ें और इसका महत्व विस्तार से समझने के लिए यहाँ पढ़ें।

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

१० सितंबर २०२६ को कौन-सी तिथि है?

१० सितंबर २०२६ को क्या है?

१० सितंबर २०२६ का नक्षत्र क्या है?

१० सितंबर २०२६ का राहु काल क्या है?

१० सितंबर २०२६ का शुभ मुहूर्त क्या है?

१० सितंबर २०२६ के शुभ और अशुभ समय

१० सितंबर २०२६ का पंचांग शहर के अनुसार बदलता है?

१० सितंबर २०२६ का पंचांग कैसे गणना किया जाता है?

पंचांग क्या है और इसका महत्व क्या है?