शुभ पंचांग लोगो
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५ सितंबर २०२६ का पंचांग

रवि
सोम
मंगल
बुध
गुरु
शुक्र
शनि
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कृष्ण ४
१
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कृष्ण ६
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कृष्ण ७
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कृष्ण ८
४
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कृष्ण ९
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कृष्ण १०
६
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कृष्ण ११
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कृष्ण १२
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कृष्ण १३
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कृष्ण १४
१०
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कृष्ण १५
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शुक्ल १
१२
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शुक्ल २
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शुक्ल ३
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शुक्ल ४
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शुक्ल ५
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शुक्ल ६
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शुक्ल ७
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शुक्ल ८
१९
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शुक्ल ९
२०
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शुक्ल १०
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शुक्ल ११
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शुक्ल १२
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शुक्ल १३
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शुक्ल १४
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शुक्ल १५
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कृष्ण १
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कृष्ण २
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कृष्ण ३
२९
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कृष्ण ४
३०

५

सितंबर, २०२६

शनिवार

अमांत: श्रावण कृष्ण नवमीपूर्णिमांत: भाद्रपद कृष्ण नवमी

विक्रम संवत २०८३

चंद्रमा

सूर्योदय और सूर्यास्त

सूर्योदय:०६:२४ AM
सूर्यास्त:०६:५३ PM

राशि

१०:१८ पूर्वाह्न

तिथि

कृष्ण अष्टमी
१२:१३ पूर्वाह्न
कृष्ण नवमी

नक्षत्र

मृगशिरा
०९:३० अपराह्न
आर्द्रा

योग

वज्र
१२:४६ अपराह्न
सिद्धि

दैनिक पंचांग विवरण

ब्रह्म मुहूर्त:०४:४८ AM - ०५:३६ AM
राहु काल:०९:३१ AM - ११:०५ AM
यमगण्ड काल:०२:१२ PM - ०३:४६ PM
प्रातः सन्ध्या:०५:२० AM - ०६:२४ AM
मध्याह्न सन्ध्या:१२:०३ PM - ०१:१५ PM
सायं सन्ध्या:०६:५३ PM - ०७:५७ PM
करण:गारा (१२:१३ पूर्वाह्न बजे तक)
दूसरा करण:वाणिज (१२:१३ पूर्वाह्न बजे के बाद)
अभिजीत मुहूर्त:१२:१४ PM - ०१:०४ PM
पक्ष: कृष्ण पक्ष (अंधेरा)
अमान्त माह: श्रावण
पूर्णिमांत माह: भाद्रपद
शक संवत: १९४८
विक्रम संवत: २०८३
गुजराती संवत: २०८२

इस महीने आने वाले त्यौहार और छुट्टियाँ

नाग पंचम:१ सितंबर (मंगलवार)
रांधन छठ:२ सितंबर (बुधवार)
शीतला सप्तमी:३ सितंबर (गुरुवार)
श्री कृष्ण जन्माष्टमी:४ सितंबर (शुक्रवार)
नंद महोत्सव:५ सितंबर (शनिवार)
राष्ट्रीय शिक्षक दिवस:५ सितंबर (शनिवार)
अजा एकादशी:७ सितंबर (सोमवार)
पिठोरी अमावस्या:१० सितंबर (गुरुवार)
सामा-श्रावणी:१२ सितंबर (शनिवार)
आज दूसरा शनिवार होने के कारण बैंक बंद रहेगा।:१२ सितंबर (शनिवार)
केवड़ा तीज:१४ सितंबर (सोमवार)
गणेश चतुर्थी:१४ सितंबर (सोमवार)
संवत्सरी:१५ सितंबर (मंगलवार)
ऋषि पाँचम:१५ सितंबर (मंगलवार)
सामा पाँचम:१५ सितंबर (मंगलवार)
विश्वकर्मा जयंती:१७ सितंबर (गुरुवार)
तेजा दशमी:२१ सितंबर (सोमवार)
जल झिलनी एकादशी:२२ सितंबर (मंगलवार)
वामन जयंती:२३ सितंबर (बुधवार)
गणेश विसर्जन:२५ सितंबर (शुक्रवार)
प्रोष्ठपदी पूर्णिमा:२६ सितंबर (शनिवार)
आज चौथा शनिवार होने के कारण बैंक बंद रहेगा।:२६ सितंबर (शनिवार)
प्रतिपदा श्राद्ध:२७ सितंबर (रविवार)
द्वितीया श्राद्ध:२८ सितंबर (सोमवार)
तृतीया श्राद्ध:२९ सितंबर (मंगलवार)
चतुर्थी श्राद्ध:३० सितंबर (बुधवार)
पंचमी श्राद्ध:३० सितंबर (बुधवार)

५ सितंबर २०२६ का पंचांग

५ सितंबर २०२६ को शनिवार है। यह दिन श्रावण मास, कृष्ण पक्ष में आता है। ५ सितंबर २०२६ की तिथि कृष्ण पक्ष अष्टमी है, जो १२:१३ पूर्वाह्न तक रहेगी; इसके बाद कृष्ण पक्ष नवमी प्रारंभ होगी। इस दिन का नक्षत्र मृगशिरा है, जो ०९:३० अपराह्न के बाद आर्द्रा में बदलेगा। राहु काल ०९:३१ AM से ११:०५ AM तक रहेगा।

वारशनिवार
माहसितंबर २०२६
तिथिअष्टमी (१२:१३ पूर्वाह्न तक; फिर नवमी)
नक्षत्रमृगशिरा (०९:३० अपराह्न तक; फिर आर्द्रा)
योगवज्र (१२:४६ अपराह्न तक; फिर सिद्धि)
करणगारा (१२:१३ पूर्वाह्न तक; फिर वाणिज)
पक्षकृष्ण
मासश्रावण
राहु काल०९:३१ AM – ११:०५ AM
गुलिक काल०६:२४ AM – ०७:५८ AM
यमगण्ड काल०२:१२ PM – ०३:४६ PM
अभिजीत मुहूर्त१२:१४ PM – ०१:०४ PM
ब्रह्म मुहूर्त०४:४८ AM – ०५:३६ AM
सूर्योदय०६:२४ AM
सूर्यास्त०६:५३ PM
चंद्र राशिवृषभ (१०:१८ पूर्वाह्न तक; फिर मिथुन)
शुभ रंगनीला
विक्रम संवत२०८३
शक संवत१९४८

५ सितंबर २०२६ को क्या है?

५ सितंबर २०२६ को शनिवार है। इस दिन का नक्षत्र मृगशिरा, योग वज्र, चंद्र राशि वृषभ है। इस दिन नंद महोत्सव, राष्ट्रीय शिक्षक दिवस का पर्व है।

५ सितंबर २०२६ को कौन-सी तिथि है?

५ सितंबर २०२६ को कृष्ण पक्ष अष्टमी तिथि है। यह तिथि १२:१३ पूर्वाह्न तक रहेगी। इसके बाद कृष्ण पक्ष नवमी तिथि प्रारंभ होगी। सभी मासिक कालाष्टमी तिथियां देखें। आज की सटीक तिथि और उसका समय जानने के लिए आज की तिथि पेज देखें।

५ सितंबर २०२६ का नक्षत्र क्या है?

५ सितंबर २०२६ का नक्षत्र मृगशिरा है। ०९:३० अपराह्न के बाद आर्द्रा नक्षत्र प्रारंभ होगा। नक्षत्र चंद्रमा की आकाशीय स्थिति को दर्शाता है और पूजा, विवाह एवं यात्रा के मुहूर्त में महत्वपूर्ण भूमिका निभाता है।

५ सितंबर २०२६ का राहु काल क्या है?

५ सितंबर २०२६ का राहु काल ०९:३१ AM से ११:०५ AM तक है। राहु काल में शुभ कार्य, यात्रा और नए उपक्रम आरंभ करने से बचना चाहिए। शुभ चौघड़िया देखने के लिए चौघड़िया पृष्ठ देखें।

५ सितंबर २०२६ का शुभ मुहूर्त क्या है?

५ सितंबर २०२६ का अभिजीत मुहूर्त १२:१४ PM से ०१:०४ PM तक है — यह दिन का सर्वश्रेष्ठ शुभ काल माना जाता है। ब्रह्म मुहूर्त ०४:४८ AM से ०५:३६ AM तक है, जो ध्यान, पूजा और सकारात्मक कार्यों के लिए उत्तम है। विस्तृत मुहूर्त सूची के लिए शुभ मुहूर्त पृष्ठ देखें।

५ सितंबर २०२६ के शुभ और अशुभ समय

शुभ समय: अभिजीत मुहूर्त (१२:१४ PM – ०१:०४ PM), ब्रह्म मुहूर्त (०४:४८ AM – ०५:३६ AM), शुभ रंग नीला।
अशुभ समय: राहु काल (०९:३१ AM – ११:०५ AM), गुलिक काल (०६:२४ AM – ०७:५८ AM), यमगण्ड काल (०२:१२ PM – ०३:४६ PM)।

क्या ५ सितंबर २०२६ का पंचांग शहर के अनुसार बदलता है?

हाँ, ५ सितंबर २०२६ का पंचांग शहर के अनुसार बदल सकता है। पंचांग की गणना सूर्योदय, सूर्यास्त और ग्रहों की स्थिति पर आधारित होती है, जो हर स्थान पर अलग होती है। शुभ पंचांग चयनित शहर के अनुसार सटीक पंचांग प्रदान करता है।

५ सितंबर २०२६ का पंचांग कैसे गणना किया जाता है?

पंचांग की गणना दृक गणित पद्धति पर आधारित है, जो सूर्योदय, सूर्यास्त और ग्रहों की वास्तविक खगोलीय स्थितियों का उपयोग करती है। तिथि चंद्रमा और सूर्य के कोणीय अंतर से, नक्षत्र चंद्र की राशि स्थिति से, और योग दोनों ग्रहों की संयुक्त गति से निर्धारित होता है।

पंचांग क्या है और इसका महत्व क्या है?

पंचांग वैदिक समय गणना प्रणाली है, जो तिथि, नक्षत्र, योग, करण और वार के आधार पर दिन की शुभता और अशुभता को दर्शाती है। इसका उपयोग पूजा, व्रत, मुहूर्त, यात्रा और अन्य धार्मिक कार्यों के लिए किया जाता है।

पंचांग क्या है, इसे कैसे पढ़ें और इसका महत्व विस्तार से समझने के लिए यहाँ पढ़ें।

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

५ सितंबर २०२६ को कौन-सी तिथि है?

५ सितंबर २०२६ को क्या है?

५ सितंबर २०२६ का नक्षत्र क्या है?

५ सितंबर २०२६ का राहु काल क्या है?

५ सितंबर २०२६ का शुभ मुहूर्त क्या है?

५ सितंबर २०२६ के शुभ और अशुभ समय

५ सितंबर २०२६ का पंचांग शहर के अनुसार बदलता है?

५ सितंबर २०२६ का पंचांग कैसे गणना किया जाता है?

पंचांग क्या है और इसका महत्व क्या है?